सबसे पहले देरी के लिए माफ़ी
डेढ़ साल के समय को लम्बा कहू या छोटा समझ में नहीं आता। अपने इस ब्लॉग पर लम्बे समय से कुछ लिख नहीं सका था। एक बार फिर शुरुआत कर रहा हु। इस बीच पहाड़ के सामने कई मुद्दे आये, विकास के भी, संस्कृति के भी, धर्म के भी और मानव समाज के भी। पहाडवाला के माध्यम से इन्हें सही रूप और रंग में समझने की कोशिश रहेगी। आप सभी लोगो का एक बार फिर स्वागत। उम्मीद है आप अपनी प्रतिक्रियाये देकर पहाड़ को और बेहतर बनाने में अपना सहयोग देंगे।
Tuesday, August 31, 2010
Subscribe to:
Post Comments (Atom)

No comments:
Post a Comment